हरियाणा: अब उपस्थिति में गड़बड़ी नहीं कर सकेंगे सरकारी कर्मचारी, सीएम खट्टर बोले-बायोमेट्रिक का भी लोगों ने निकाल लिया था तोड़

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सार

मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि लोगों ने बायोमेट्रिक अटेंडेंस का भी तोड़ खोज लिया है। वे नकली उंगली व अंगूठे बनवा कर किसी और के माध्यम से अपनी हाजिरी लगवा देते हैं। इसलिए हरियाणा में सरकार कर्मचारियों को अब कलाई पर जीपीएस आधारित घड़ी लगानी पड़ेगी।
 

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विस्तार

कार्यालयों में अपनी उपस्थिति को लेकर हरियाणा के सरकारी कर्मचारी अब गड़बड़ी नहीं कर सकेंगे। अंगूठे में उंगलियों के नकली निशान बनवा कर बायोमीट्रिक अटेंडेंस लगवाने वाले कर्मचारी अब नहीं बच सकेंगे। उपस्थिति के लिए सरकारी कर्मचारियों को जीपीएस आधारित घड़ी दी जाएगी जिसे अनिवार्य रूप से कर्मचारियों को पहनना होगा। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने शनिवार को यह घोषणा की। वह सोहना के सरमथला आयोजित विकास रैली को संबोधित कर रहे थे।

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इस अवसर पर सरकारी कर्मचारियों द्वारा उपस्थिति को लेकर की जा रही गड़बड़ी का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले एक ही दिन में 7 दिन की हाजिरी लगा दी जाती थी। इसको देखते हुए बायोमीट्रिक अटेंडेंस की व्यवस्था लागू की गई लेकिन उसका भी लोगों ने तोड़ खोज लिया है। नकली उंगली व अंगूठे बनवा कर किसी और के माध्यम से अपनी हाजिरी लगवा देते हैं। 

इसको देखते हुए सरकारी कर्मचारियों को जीपीएस आधारित घड़ी (वॉच) दी जाएगी, जिसके जरिए कर्मचारियों के रियल टाइम लोकेशन मिलती रहेगी और उपस्थिति को लेकर सरकारी मुलाजिम गड़बड़ी नहीं कर पाएंगे। सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए जीपीएस आधारित घड़ी को पहनना अनिवार्य किया जाएगा।

5 साल के दौरान सोहना में हुए 288 करोड़ के विकास
गुरुग्राम। सीएम ने कहा कि पिछले 5 साल में सोहना में कुल 288 करोड़ के विकास कार्य किए गए हैं। हालांकि, उन्होंने माना कि कोरोना के चलते के विकास कार्य प्रभावित हुए हैं और 2020 से अब तक केवल वह पांच विधानसभा क्षेत्रों में जा पाए हैं लेकिन इस काम की शुरुआत फिर से सोहना से हो गई है।

 

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Credit Source – https://www.amarujala.com/delhi-ncr/gurgaon/haryana-govt-employees-need-to-put-gps-watch-for-proper-biometric-attendance?utm_source=rssfeed&utm_medium=Referral&utm_campaign=rssfeed

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